ये जीना भी कोई जीना है
वह पैदा ही बीमार था
मरने को तैयार था
जीने को लाचार था
वह मेरा संसार था
मुझे उससे बहुत प्यार था
फिर हमारा परिवार था
वह बच गया
जीवन की लडाई लडने
हमारी खुशियों का हनन करने
जी भी रहा है मर मर के
डर डर के
क्या करें
उसे खुद में विश्वास नहीं
और हम उसके पास नहीं
साँस तो है पर आस नहीं
मरने को तैयार था
जीने को लाचार था
वह मेरा संसार था
मुझे उससे बहुत प्यार था
फिर हमारा परिवार था
वह बच गया
जीवन की लडाई लडने
हमारी खुशियों का हनन करने
जी भी रहा है मर मर के
डर डर के
क्या करें
उसे खुद में विश्वास नहीं
और हम उसके पास नहीं
साँस तो है पर आस नहीं
